Punjab Assembly Elections- अमरेंद्र और ढींढसा BJP के साथ, सीट बंटवारे के लिए joint Committee बनेगी

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Punjab Assembly Elections-भाजपा पंजाब में पूर्व मुख्यमंत्री अमरेंद्र सिंह (Former Chief Minister Amarendra Singh) की पंजाब लोक कांग्रेस और सुखदेव सिंह ढींडसा के शिरोमणि अकाली दल (संयुक्त) के साथ मिल कर विधानसभा चुनाव लड़ेगी। तीनों दल संयुक्त घोषणा पत्र जारी करेंगे। केंद्रीय मंत्री गजेंद्र शेखावत ने सोमवार को यह जानकारी दी। इससे पहले, अमरेंद्र सिंह और राज्यसभा सदस्य ढींडसा ने चुनावी रणनीति तैयार करने के लिए यहां केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा समेत पार्टी के शीर्ष नेताओं से शाह के आवास पर मुलाकात की।

सीट बंटवारे पर संयुक्त समिति करेगी फैसला

पंजाब में भाजपा के चुनाव प्रभारी शेखावत ने कहा कि सीट बंटवारे संबंधी समझौते को अंतिम रूप देने के लिए एक संयुक्त समिति का गठन किया जाएगा, जिसमें हर दल के 2 नेता शामिल होंगे।

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भाजपा के सूत्रों ने कहा कि पंजाब विधानसभा चुनाव में पंचकोणीय मुकाबला होने का अनुमान है, क्योंकि कांग्रेस, शिअद और आम आदमी पार्टी के अलावा विभिन्न किसान संगठन भी चुनावी मैदान में उतर रहे हैं। अमरेंद्र सिंह ने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने और कांग्रेस छोड़ने के बाद अपने अलग दल ‘पंजाब लोक कांग्रेस’ का गठन किया है। इससे पहले, भाजपा के सबसे पुराने सहयोगी दलों में शामिल शिअद 3 केंद्रीय कृषि कानूनों के मुद्दे को लेकर राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन से अलग हो गया था। अमरेंद्र और ढींडसा के साथ गठबंधन के बाद भाजपा को राज्य में चुनाव के लिए प्रमुख सिख चेहरे मिल गये हैं।

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किसान नेताओं के लिए चुनाव प्रचार नहीं करूंगा : टिकैत

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भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कहा है कि वह पंजाब में चुनाव लड़ने वाले किसान नेताओं के लिए प्रचार करने नहीं जाएंगे। किसान नेता बलबीर सिंह राजेवाल और हरमीत सिंह कादियान के पंजाब विधानसभा चुनाव लड़ने की घोषणा पर टिकैत ने कहा कि यह पंजाब के किसान नेताओं का निजी फैसला है, जिससे संयुक्त किसान मोर्चा का कोई लेना-देना नहीं है। राकेश टिकैत ने फोन पर बातचीत के दौरान भाकियू के चुनाव लड़ने की संभावनाओं पर तो कुछ स्पष्ट नहीं कहा, लेकिन यह जरूर कहा कि वह ना तो कोई चुनाव लड़ेंगे और ना ही पार्टी बनाएंगे। उन्होंने कहा कि उनके परिवार से भी कोई भी व्यक्ति चुनाव नहीं लड़ेगा। जब टिकैत से पूछा गया कि उत्तर प्रदेश के आगामी विधानसभा चुनावों में भाकियू का रुख क्या रहेगा, तो उन्होंने कहा कि वह आचार संहिता लागू होने के बाद ही आगे की रणनीति का खुलासा करेंगे।