यूपी में 42 सीटें जीत सकता है SP-BSP गठबंधन: सर्वे

लोकसभा चुनाव 2019 में यूपी में 42 सीटें जीत सकता है SP-BSP गठबंधन: सर्वे. भारतीय जनता पार्टी को उत्तर प्रदेश में तगड़ा झटका लग सकता है। एबीपी न्यूज और सर्वे एजेंसी नीलसन के सर्वे के मुताबिक, प्रदेश की 80 में से बीजेपी को सिर्फ 36 सीटों पर जीत मिल सकती है। वहीं, समाजवादी पार्टी (एसपी), बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) और राष्ट्रीय लोकदल (आरएलडी) गठबंधन को 42 सीटें मिलने का अनुमान है। कांग्रेस को सिर्फ दो सीटें मिलने की संभावना जताई जा रही है।

2014 के लोकसभा चुनाव में बीजेपी गठबंधन को 80 में से 73 सीटों पर जीत मिली थी। हालांकि, इस सर्वे में भी बीजेपी के वोट प्रतिशत में कोई खासा असर नहीं पड़ रहा है। 2014 के लोकसभा चुनाव में उसे 43.3 पर्सेंट वोट मिले थे जबकि सर्वे के मुताबिक, 2019 में उसे 43 पर्सेंट वोट मिल सकते हैं। गठबंधन को कुल 42 फीसदी वोट मिलने के आसार हैं।

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नहीं चलेगा प्रियंका गांधी का जादू!

यूपी में कांग्रेस ने प्रियंका गांधी को लॉन्च करके अपना दमखम लगाने की कोशिश की है। हालांकि, एबीपी-नीलसन सर्वे के मुताबिक कांग्रेस को यूपी में इसका कोई फायदा नहीं मिलने वाला है। सर्वे की मानें तो कांग्रेस अमेठी और रायबरेली के अलावा किसी और सीट पर नहीं जीत पाएगी। हालांकि, उसके वोट प्रतिशत में मामूली बढ़ोतरी देखी जा सकती है।
सर्वे में बीजेपी को सिर्फ 36 सीटें मिलती दिखाई जा रही हैं। बीजेपी के लिए मुश्किल यह भी है कि सर्वे में केंद्रीय मंत्री मनोज सिन्हा और प्रदेश सरकार में मंत्री रीता बहुगुणा जोशी के चुनाव हारने की संभावना जताई जा रही है। मनोज सिन्हा फिलहाल गाजीपुर से सांसद हैं और रीता बहुगुणा जोशी इलाहाबाद लोकसभा सीट से चुनाव मैदान में हैं।


पश्चिमी यूपी- 27 सीटें

बीजेपी को सबसे पहला झटका पश्चिमी उत्तर प्रदेश से लग सकता है। यहां की कुल 27 सीटों से बीजेपी के पाले में मात्र 12 सीटें जाती दिख रही हैं। वहीं, एसपी-बीएसपी-आरएलडी को इसमें से 15 सीटों पर जीत मिलने के आसार हैं। कांग्रेस का यहां खाता नहीं खुलता दिखाई दे रहा है। गौतमबुद्ध नगर से सांसद और केंद्रीय मंत्री महेश शर्मा भी चुनाव हार सकते हैं।

बीजेपी जीत सकती है– सहारनपुर, मुजफ्फरनगर, गाजियाबाद, बुलंदशहर, अलीगढ़, हाथरस, मथुरा, आगरा, फतेहपुर सीकरी, बरेली, शाहजहांपुर और पीलीभीत
गठबंधन जीत सकता है- कैराना, बिजनौर, नगीना, मुरादाबाद, रामपुर, संभल, अमरोहा, मेरठ, बागपत, गौतमबुद्ध नगर, फिरोजाबाद, मैनपुरी, एटा, बदायूं और आंवला

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अवध- 23 सीटें

अवध की 23 सीटों पर मामला 50-50 का लग रहा है। सर्वे के मुताबिक, बीजेपी को 11, गठबंधन को 10 और दो सीटों (अमेठी, रायबरेली) पर कांग्रेस को जीत मिल सकती है। सुलतानपुर सीट से केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी चुनाव जीत सकती हैं।

बीजेपी जीत सकती है- धौरहरा, लखनऊ, उन्नाव, लखनऊ, सुलतानपुर, इटावा, कानपुर, अकबरपुर, बाराबंकी, फैजाबाद, गोंडा, कैसरगंज।
गठबंधन जीत सकता है- खीरी, हरदोई, सीतापुर, मोहनलालगंज, मिश्रिख, फर्रूखाबाद, कन्नौज, आंबेडकरनगर, बहराइच और श्रावस्ती।
कांग्रेस जीत सकती है- रायबरेली और अमेठी।

पूर्वांचल- 26 सीटें

बीजेपी का गढ़ माने जा रहे पूर्वांचल की 26 सीटों पर उसे तगड़ा झटका मिल सकता है। सर्वे के मुताबिक, गठबंधन को यहां 15 सीटों पर जीत मिल सकती है और बीजेपी को सिर्फ 11 सीटों पर संतोष करना पड़ सकता है। मीरजापुर सीट से अनुप्रिया पटेल, वाराणसी से नरेंद्र मोदी चुनाव जीत सकते हैं। वहीं, गाजीपुर से मनोज सिन्हा और इलाहाबाद से रीता बहुगुणा जोशी चुनाव हार सकती हैं।

बीजेपी जीत सकती है– प्रतापगढ़, महाराजगंज, कुशीनगर, देवरिया, सलेमपुर, बांसगांव, जौनपुर, मछलीशहर, वाराणसी, मीरजापुर और रॉबर्ट्सगंज।
गठबंधन जीत सकता है- भदोही, चंदौली, गाजीपुर, बलिया, घोसी, आजमगढ़, लालगंज, गोरखपुर, संत कबीरनगर, बस्ती, डुमिरयागंज, इलाहाबाद, फूलपुर, कौशांबी, फतेहपुर

बुंदेलखंड- 4 सीटें

बुंदेलखंड की चार सीटों पर मामला बराबरी को होने की उम्मीद है। सर्वे के मुताबिक, हमीरपुर और बांदा सीट पर गठबंधन तो जालौन और झांसी से बीजेपी को जीत मिल सकती है। बता दें कि झांसी से वर्तमान सांसद उमा भारती इस बार चुनाव नहीं लड़ रही हैं।

 

curtesy news ( nbt)