Influx of tourists in Shimla-एक ही दिन में 8 हजार वाहन आने से घंटों लगा रहा ट्रैफिक

Himachal troubled by weather
Himachal troubled by weather

Influx of tourists in Shimla-हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में तीन दिनों तक हुई भारी बर्फबारी के बाद भले ही हालात अभी भी सामान्य नहीं हुए हैं लेकिन बर्फ का आनंद लेने के लिए पर्यटकों का यहां सैलाब उमड़ पड़ा है। राजधानी शिमला के लिए संपर्क बहाल होते ही हजारों की संख्या में पर्यटक आज बर्फ का आनंद लेने के लिए शिमला पहुंचे। आलम ये हो गया कि एक ही दिन में 8000 से अधिक पर्यटक वाहन इस पर्यटन नगरी में पहुंच गए। इसके चलते शहर में आज दिन भर यातायात व्यवस्था चरमराई रही। शिमला शहर में अभी लक्कड़ बाजार शहरी अभी पूरी तरह से यातायात के लिए बहाल नहीं हो पाई है तथा फिलहाल इसे वन वे ट्रैफिक के लिए खोला गया है। पर्यटकों में आज शिमला में बर्फ देखने को लेकर भारी दीवानगी नजर आई।

shimla todaysnowy
Influx of tourists in Shimla

शिमला-कालका सड़क को आज ही पूरी तरह से यातायात के लिए बहाल किया जा सका है। शिमला तक पहुंचने के लिए अभी भी सुबह शाम वाहन चालकों को सड़कों पर भारी फिसलन का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में बड़ी संख्या में पर्यटक रेलागाड़ियों से भी शिमला पहुंच रहे हैं। शिमला आने के लिए रेलगाड़ियों में अगले कुछ दिनों के लिए 80 फीसदी से अधिक बुकिंग अभी से हो गई है। रेलवे ने खराब मौसम और बर्फबारी को देखते हुए कुछ दिनों के लिए शिमला-कालका रेललाईन पर रेलगाड़ियों की गति 20 किलोमीटर प्रतिघंटा तय कर दी है।

एडवाइजरी न मानने पर फंसे 70 पर्यटक, सभी रेस्क्यू

पर्यटन नगरी शिमला घूमने आए 70 पर्यटकों को बीती रात उस वक्त जान के लाले पड़ गए जब सड़कों पर अत्यधिक फिसलन के कारण उनके वाहन शिमला, कुफरी, नारकंडा और चायल सड़कों पर फंस गए। जिला पुलिस ने पर्यटकों को इन क्षेत्रों में सड़कों पर अत्यधिक फिसलन के चलते न जाने की एडवाइजरी जारी की थी लेकिन इन पर्यटकों ने पुलिस की इस एडवाइजरी को अनदेखा किया और अंतत: इन्हें ये अनदेखी महंगी पड़ी। हालांकि आधी रात को सूचना मिलने पर पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से इन सभी पर्यटकों को सुरक्षित रेस्क्यू कर शिमला पहुंचा दिया।

Influx of tourists in Shimla-423 सड़कें, 276 बिजली ट्रांसफार्मर और 96 पेयजल योजनाएं बंद


तीन दिन हुई बर्फबारी के चलते राज्य में अभी भी 423 सड़कें अवरुद्ध हैं। इनमें तीन नेशनल हाईवे और एक स्टेट हाईवे भी शामिल है। इसके अलावा बिजली के 276 ट्रांसफार्मर अभी भी बंद पड़े हैं जिससे बर्फबारी से जूझ रहे लोगों की दिक्कतें और बढ़ गई हैं। इसके अलावा अभी लगभग 100 पेयजल योजनाएं भी भारी बर्फबारी और बिजली आपूर्ति ठप होने के कारण बंद पड़ी हैं। प्रदेश में इस समय सबसे अधिक 115 सड़कें लाहुल स्पिति जिला में बंद हैं। इसके अलावा मंडी में 51, चंबा में 45, कुल्लू में 40, सिरमौर में 13, किन्नौर में 7 और सोलन में तीन सड़कें बंद हैं।

https://www.indiamoods.com/himachal-cabinet-meeting-decisions-will-be-taken-on-many-other-issues-including-corona-restrictions-and-budget-session/

Influx of tourists in Shimla-यातायात सुचारू नहीं

सिरमौर जिला में अभी सर्वाधिक 80 ट्रांसफार्मर, शिमला में 65, चंबा में 49, मंडी में 48 और सोलन में 25 बिजली ट्रांसफार्मर बंद पड़े हैं। इधर राजधानी शिमला में मौसम के खुल जाने के दो दिन बाद भी यातायात सुचारू नहीं हो पाया है। विक्ट्री टनल से संजौली के लिए सर्कुलर रोड से बर्फ पूरी तरह नहीं हट पाई है। इस बीच, मौसम विभाग ने 8 और 9 फरवरी को राज्य के अधिकांश स्थानों पर वर्षा व बर्फबारी की संभावना जताई है। विभाग के अनुसार हिमालय क्षेत्र में सक्रिय हुए ताजा पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से राज्य में 8 से 10 फरवरी तक मौसम का मिजाज बिगड़ा रहेगा।

हिंदुस्तान-तिब्बत मार्ग अवरुद्ध

राष्ट्रीय राजमार्ग-5 जिसे हिन्दुस्तान-तिब्बत मार्ग के नाम से भी जाना जाता है। किन्नौर जिला में उड़नी के पास अवरुद्ध हो गया है। जानकारी के अनुसार भारी भरकम चट्टानें पहाड़ से खिसककर इस मार्ग पर गिरी है जिसके चलते ये सड़कें यातायात के लिए अवरुद्ध हो गई है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी और सीमा सड़क संगठन की मशीनरी मौके पर चट्टानें हटाने के लिए तैनात कर दी गई हैं और इस सड़क को आज रात तक बहाल कर दिए जाने की उम्मीद है।